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Description
भारतीय लोकतंत्र और रामकथा
यह पुस्तक युवा लेखकों के लिए प्रधानमंत्री की मेंटरशिप योजना ‘युवा’ (युवा, उदीयमान और प्रतिभाशाली लेखक) के अंतर्गत तैयार की गई पुस्तकमाला का हिस्सा है। इस योजना का उद्देश्य देश में पठन, लेखन एवं पुस्तक संस्कृति को बढ़ावा देने तथा भारत व भारतीय लेखन को विश्व-स्तर पर प्रस्तुत करने के लिए 30 वर्ष से कम आयु के युवा लेखकों को प्रशिक्षित करना है। इस योजना का पहला संस्करण वर्ष 2021-2022 के दौरान शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा आज़ादी का अमृत महोत्सव-कार्यक्रम के अंतर्गत कार्यान्वयन एजेंसी, राष्ट्रीय पुस्तक न्यास, भारत के साथ आज़ादी की 75वीं वर्षगाँठ के उपलक्ष्य में आरंभ किया गया था। इसका दूसरा संस्करण वर्ष 2022 में शुरू किया गया। दूसरे संस्करण के अंतर्गत प्रकाशित पुस्तकें ‘लोकतंत्र’ विषय पर आधारित हैं, जिनमें भारत में लोकतंत्र के अतीत, वर्तमान एवं भविष्य के विभिन्न पहलुओं पर ध्यान केंद्रित किया गया है। भारतीय लोकतांत्रिक प्रणाली के विभिन्न आयामों के बारे में शोध एवं दस्तावेजीकरण को बढ़ावा देने हेतु यह विषय केवल भारतीय संदर्भ में लोकतंत्र पर आधारित है। इस योजना के अंतर्गत लेखकों का चयन समस्त 22 आधिकारिक भारतीय भाषाओं व अंग्रेजी में आयोजित अखिल भारतीय प्रतियोगिता के माध्यम से किया गया। इन लेखकों को अपनी मूल चयनित पुस्तक के प्रस्ताव को पूर्ण पुस्तक के रूप में विकसित करने के लिए राष्ट्रीय पुस्तक न्यास, भारत द्वारा छात्रवृत्ति सहयोग सहित प्रतिष्ठित लेखकों/विषय-विशेषज्ञों द्वारा मार्गदर्शित किया गया।
Additional information
| Authors | |
|---|---|
| Binding | Paperback |
| ISBN | |
| Language | Hindi |
| Pages | |
| Publishing Year | 2025 |
| Pulisher |











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